Suraksha Aur Anya Kahaniyan

Fiction : Stories
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Suraksha Aur Anya Kahaniyan
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हिन्दी साहित्य में श्रीलाल शुक्ल का नाम आज किसी परिचय का मोहताज नहीं है।
‘राग दरबारी’, ‘सीमाएँ टूटती हैं’ तथा ‘पहला पड़ाव’ आदि उपन्यासों और ‘अंगद का पाँव’, ‘यहाँ से
वहाँ’ तथा ‘उमरावनगर में कुछ दिन’ आदि व्यंग्य–संग्रहों के माध्यम से उन्होंने अपने पाठकों के साथ
जो तादात्म्य स्थापित किया है, वह हिन्दी साहित्य की एक विरल घटना है।
‘सुरक्षा और अन्य कहानियाँ’ शुक्ल जी की चर्चित कहानियों का महत्त्वपूर्ण संकलन है। सामाजिक
सरोकारों से सुगुम्फित ये कहानियाँ हमें भावोद्वेलित ही नहीं करतीं, सामाजिक विद्रूपताओं से रू–ब–रू
भी कराती हैं। श्रीलाल जी उपन्यासकार और व्यंग्यकार के रूप में ही जाने जाते रहे, यह कहानी–संग्रह
शुक्ल जी को एक सशक्त कहानीकार के रूप में समादृत करता है।

More Information
Language Hindi
Format Hard Back
Publication Year 1992
Edition Year 2014, Ed. 2nd
Pages 119p
Translator Not Selected
Editor Not Selected
Publisher Rajkamal Prakashan
Dimensions 18.5 X 12 X 1
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Editorial Review

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Shrilal Shukla

Author: Shrilal Shukla

श्रीलाल शुक्ल

जन्म : 31 दिसम्बर, 1925 को लखनऊ जनपद (उ.प्र.) के अतरौली गाँव में।

शिक्षा : इलाहाबाद विश्वविद्यालय से स्नातक।

प्रकाशित कृतियाँ : उपन्यास—‘सूनी घाटी का सूरज’, ‘अज्ञातवास’, ‘राग दरबारी’, ‘आदमी का ज़हर’, ‘सीमाएँ टूटती हैं’, ‘मकान’, ‘पहला पड़ाव’, ‘बिस्रामपुर का सन्त’; कहानी-संग्रह—‘यह घर मेरा नहीं’, ‘सुरक्षा तथा अन्य कहानियाँ’, ‘इस उम्र में’; व्यंग्य-संग्रह—‘अंगद का पाँव’, ‘यहाँ से वहाँ’, ‘मेरी श्रेष्ठ व्यंग्य रचनाएँ’, ‘उमरावनगर में कुछ दिन’, ‘कुछ ज़मीन पर कुछ हवा में’, ‘आओ बैठ लें कुछ देर’, ‘अगली शताब्दी का शहर’, ‘जहालत के पचास साल’; आलोचना—‘अज्ञेय : कुछ राग और कुछ रंग’; विनिबन्ध—‘भगवतीचरण वर्मा’, ‘अमृतलाल नागर’; बाल-साहित्य—‘बब्बर सिंह और उसके साथी’।

 अनुवाद : 'पहला पड़ाव’ अंग्रेज़ी में अनूदित और 'मकान’ बांग्ला में। 'राग दरबारी’ सभी प्रमुख भारतीय भाषाओं सहित अंग्रेज़ी में।

प्रमुख सम्मान : ‘ज्ञानपीठ पुरस्‍कार’, ‘व्यास सम्मान’, ‘पद्मभूषण सम्मान’, ‘साहित्य अकादेमी पुरस्कार’, ‘साहित्य भूषण सम्मान’, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय का ‘गोयल साहित्य पुरस्कार’, ‘लोहिया अतिविशिष्ट सम्मान’, म.प्र. शासन का ‘शरद जोशी सम्मान’, ‘मैथिलीशरण गुप्त सम्मान’।

निधन : 28 अक्टूबर, 2011

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