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Daalchini

Author: Dushyant
Edition: 2026, Ed. 1st
Language: Hindi
Publisher: Rajkamal Prakashan
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Daalchini

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दालचीनी प्रेम के बारे में एक अलग तरह का उपन्यास है जिसमें दो कहानियाँ एक-दूसरे के साथ-साथ, एक-दूसरे को सहारा देते हुए चलती हैं।

एक कहानी है मुम्बई में फ़िल्म लेखन के क्षेत्र में संघर्षरत अदीब की, और दूसरी कहानी है उस पांडुलिपि की जो उसे एक कबाड़ी की दुकान में पड़ी मिल जाती है। इस पांडुलिपि में भी प्रेम का ही आख्यान है, लेकिन इसकी पृष्ठभूमि वह युग है जब राजे-महाराजों के दरबार कलाओं को संरक्षण दिया करते थे।

क्या हर युग में प्रेम और प्रेम करने वाले एक ही जैसे होते हैं, क्या प्रेम तत्वत: एक काल-निरपेक्ष सत्य है, जो तब भी रहता है जब ऊपरी तौर ख़त्म होता दिखता है? ऐसे प्रश्नों पर मंथन करते हुए और दो युगों को प्रेम की कसौटी पर कसते हुए, दो भिन्न समयों के प्रेम को समझने की कोशिश करते हुए यह उपन्यास उन सवालों को भी छूता चलता है जो दो व्यक्तियों की सोच के द्वंद्व से उभरते हैं।

लेकिन कई कथा-उपकथाओं में विचरण करता यह उपन्यास यहीं तक सीमित नहीं रहता, सतलुज से जुड़ी अनेक स्मृतियों, पटियाला घराने की शास्त्रीय गायकी और बुज़ुर्गों की आती-जाती बातों-यादों से रचा-बसा यह पाठ एक गझिन पठनीय अनुभव की रचना करता है।

More Information
Language Hindi
Binding Paper Back
Translator Not Selected
Editor Not Selected
Publication Year 2026
Edition Year 2026, Ed. 1st
Pages 152p
Publisher Rajkamal Prakashan
Dimensions 20 X 13 X 1
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Dushyant

Author: Dushyant

दुष्यन्त

जन्म : 13 मई, 1977, भारत-पाक सीमा पर बसे केसरीसिंहपुर क़स्बे में।

दुष्यन्त हिन्दी के चर्चित युवा कवि, कथाकार हैं, इतिहास में पीएच.डी. हैं। उनका शोधग्रन्थ ‘स्त्रियाँ : पर्दे से प्रजातंत्र तक’ नाम से राजकमल प्रकाशन से प्रकाशित हुआ है। उनका पहला कविता-संग्रह मातृभाषा राजस्थानी में आया, जिसे राजस्थानी साहित्य अकादेमी ने पुरस्कृत किया। दूसरा कविता-संग्रह हिन्दी में ‘प्रेम का अन्य’ नाम से प्रकाशित हुआ जिसे ‘रामकुमार ओझा पुरस्कार’ दिया गया। कविता के लिए ‘प्रथम कविताकोश सम्मान’ भी दिया गया। एक किताब रूसी कवि येवेगनी येव्तुशेंको की कविताओं के राजस्थानी अनुवाद भी प्रकाशित। दर्जन-भर यूरोपियन, लैटिन अमेरिकन कवियों की कविताओं का हिन्दी अनुवाद किया है। उनका एक मौलिक कहानी-संग्रह ‘जुलाई की एक रात’ नाम से पेंगुइन से प्रकाशित है। पहला उपन्यास ‘वाया गुड़गाँव’ जग्गरनॉट से प्रकाशित है।

इतिहास के अध्यापन के बाद पत्रकारिता की। इन दिनों मुम्बई में फ़िल्मों के लिए पटकथा, गीत-लेखन से जुड़े हैं।

ई-मेल : [email protected]

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