Facebook Pixel
Author
Prabhakaran Hebbar Illath

Prabhakaran Hebbar Illath

8 Books

प्रो. प्रभाकरन हेब्बार इल्लत

प्रो. प्रभाकरन हेब्बार इल्लत पाणप्पुषा, कण्णूर, (केरल)के निवासी हैं। फ़िलहाल वे कालिकट विश्वविद्यालय, मलघुरम, केरल के हिन्दी विभाग में आचार्य हैं। आपकी अब तक 21 पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं जिनमें प्रमुख हैं—निराला के काव्य-निर्माण में वैदिक संस्कृति की भूमिका, राजभाषा हिन्दी : कुछ विचार, संस्कृति भाषा साहित्य, यह पृथ्वी हमारी भी है, पर्यावरण और समकालीन हिन्दी साहित्य, मानवाधिकार और समकालीन हिन्दी कविता, राजा रवि वर्मा : द कोलोसस ऑफ इंडियन पेंटिंग, (मौलिक); स्वातन्त्र्योत्तर हिन्दी कविता में मानवाधिकार, मानवाधिकार की राजनीति, प्रकृति और अन्तर्प्रकृति, हिन्दी का पर्यावरणीय साहित्य, हरित कविता, नेचुरल रिवरबरेशंस (सम्पादित); गंगा, नारायण गुरु की यात्रा, सिद्धार्थ (अनूदित) आदि। इनके अलावा हिन्दी की विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में शताधिक शोध-आलेख प्रकाशित हो चुके हैं। आपने अब तक पाँच शोध परियोजनाएँ पूरी की हैं। उन्हें केरल हिन्दी साहित्य अकादमी पुरस्कार, यूजीसी शोध पुरस्कार, केन्द्रीय हिन्दी निदेशालय का हिन्दीतर हिन्दी लेखक पुरस्कार, बालकृष्ण गोयनका अनुवाद पुरस्कार, डॉ. एल. सुनीताबाई ज्ञान पुरस्कार, हिन्दी साहित्य शिरोमणि सम्मान, भारतीय उच्च शैक्षणिक संस्थान, शिमला की एसोसिएट फेलोशिप आदि से सम्मानित किया गया है।

ई-मेल : [email protected]

Back to Top