Rashtriya Evam Antarrashtriya Sangathan

General Studies
500%
() Reviews
As low as ₹143.00 Regular Price ₹190.00
You Save 25%
In stock
Only %1 left
SKU
Rashtriya Evam Antarrashtriya Sangathan
- +

राष्‍ट्रीय एवं अन्‍तरराष्‍ट्रीय संगठन हिन्‍दी माध्‍यम से प्रतियोगिता परीक्षाओं में भाग लेने वाले प्रतिभागियों के मार्गदर्शन के उद्देश्‍य से लिखी गई है। प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी के दौरान प्रतिभागियों को सामान्‍य अध्‍ययन की तैयारी के लिए विविध स्रोतों से सामग्री एकत्रित करनी पड़ती है। विषयवार ढंग से सामग्री को एक जगह उपलब्‍ध होना अत्‍यनत उपयोगी है। इस समन्‍दर्भ में यह किताब महत्त्वपूर्ण है, क्‍योंकि इस विषय पर हिन्‍दी में मुकम्‍मल किताब अब तक नहीं की।

इसमें प्रतियोगिता परीक्षाओं को ध्‍यान में रखकर राष्‍ट्रीय-अन्‍तरराष्‍ट्रीय संगठनों की संक्षिप्‍त लेकिन सारगर्भित और बिन्‍दुवार जानकारी दी गई है। वस्‍तुत: राष्‍ट्रीय-अन्‍तरराष्‍ट्रीय संगठनों के बारे में जानना अपने आपकों जानने की प्रक्रिया का अभिन्‍न अंग है। आज के गतिशील विश्‍व में सभी संघटन चाहे वे राजनैतिक हों, आर्थिक हों, सामरिक हों या सामाजिक-सांस्‍कृतिक हों एक-दूसरे से जुड़े  हैं। यदि आप इनका सम्‍यक् ज्ञान रखें तो इनके अन्‍तर्सम्‍बन्‍धों एवं आन्‍तरिक जुड़ाव को भलीभाँति समझ सकते हैं। सिविल सेवा की परीक्षा के प्रत्‍येक स्‍तर पर चाहे वह प्रारम्भिक परीक्षा हो या मुख्‍य परीक्षा या साक्षात्‍कार-इस ज्ञान की अपरिहार्यता से इनकार नहीं किया जा सकता। न केवल सीधे-सीधे प्रश्‍नों में बल्कि अप्रत्‍यक्ष रूप से राजनीति, समाजशास्‍त्र तथा अर्थाशास्‍त्र से जुड़े प्रश्‍नों में इन संस्‍थाओं के विषय में आपका ज्ञान आपको लाभ पहुँचाएगा।

यह किताब मुख्‍यत: तथ्‍यात्‍मक है एवं इसमें सिविल सेवा परीक्षा सहित सभी महत्त्वपूर्ण परीक्षाओं को ध्‍यान में रखकर तथ्‍यों को क्रम दिया गया है।

More Information
Language Hindi
Format Paper Back
Publication Year 2022
Edition Year 2022, Ed. 1st
Pages 182p
Translator Not Selected
Editor Not Selected
Publisher Rajkamal Prakashan - Akshar
Dimensions 22 X 14 X 1
Write Your Own Review
You're reviewing:Rashtriya Evam Antarrashtriya Sangathan
Your Rating

Editorial Review

It is a long established fact that a reader will be distracted by the readable content of a page when looking at its layout. The point of using Lorem Ipsum is that it has a more-or-less normal distribution of letters, as opposed to using 'Content here

Shailesh Kumar

Author: Shailesh Kumar

शैलेश कुमार

जन्म : 2 जनवरी, 1970,  पटना (बिहार)
शिक्षा : उच्च शिक्षा दिल्ली विश्वविद्यालय और जे.एन.यू, नई दिल्ली से।
प्रकाशित कृतियाँ : नामवर के नोट्स।
सम्मान : सरकारी सेवा में सराहनीय योगदान के लिए ‘राष्ट्रपति पदक’ (प्रेसिडेंसियल मेडल फॉर मेरेटोरियस सर्विस)।
सम्प्रति : भारतीय राजस्व सेवा में आयुक्त पद पर कार्यरत।
ई-मेल : irsshailesh@yahoo.com

Read More
Books by this Author

Back to Top