झोंपड़ी वाले और अन्य कहानियाँ में बीसवीं सदी के आरम्भ के रोमानियाई ग्रामीण जनजीवन का मार्मिक चित्रण हुआ है। इसमें यूरोप की उत्कट ग़रीबी और ग्रामीणों के भोले-भाले स्वभाव का वर्णन है। कल-कारख़ानों के आने से पहले साधारण मनुष्य का जीवन भले कठिन था लेकिन कितना कलुष-रहित, इसका सटीक अंकन इन कहानियों में है।
| Language | Hindi |
|---|---|
| Binding | Hard Back, Paper Back |
| Translator | Nirmal Verma |
| Editor | Not Selected |
| Publication Year | 2024 |
| Edition Year | 2024, Ed. 1st |
| Pages | 144p |
| Publisher | Rajkamal Prakashan |
| Dimensions | 21 X 13.5 X 1.5 |