Dashkriya

Fiction : Novel
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Dashkriya
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दशक्रिया’ मराठी के प्रख्यात कथाकार बाबा भांड के इसी नाम से मराठी में प्रकाशित उपन्यास का अनुवाद है। इस उपन्यास में लेखक ने भानुदास नामक एक किशोर चरित्र को केन्द्र में रखकर समाज की जड़ रूढ़िवादिता, जाति व्यवस्था, निर्धनता आदि के आवरण में छुपे मनुष्यता के करुण चेहरों और विपरीत परिस्थितियों में भी मानवीय जिजीविषा और साहस की प्रज्ज्वलित ज्योति को रेखांकित किया है।

मृत्यु और शव के अन्तिम संस्कारों से अपनी जीविका अर्जित करनेवाले एक समुदाय के माध्यम से उपन्यासकार इस पुस्तक में वर्गों और वर्णों में बँटे भारतीय समाज का एक प्रभावशाली चित्र प्रस्तुत करता है।

तटस्थ और यथार्थवादी शैली में प्रामाणिक वर्णनों से भरपूर एक अत्यन्‍त महत्त्वपूर्ण कृति।

—भूमिका से

More Information
Language Hindi
Format Hard Back, Paper Back
Publication Year 2005
Edition Year 2019, Ed. 2nd
Pages 240p
Translator Nishikant Thakar
Editor Not Selected
Publisher Radhakrishna Prakashan
Dimensions 22 X 14 X 2
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Editorial Review

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Baba Bhand

Author: Baba Bhand

बाबा भांड

आपका जन्म 28 जुलाई, 1949 को वडजी, तहसील—पैठण, ज़‍िला—औरंगाबाद, महाराष्ट्र में हुआ। आपने बचपन से स्वयं कमाई कर एम.ए. अंग्रेज़ी तक की पढ़ाई पूरी की। आठवीं कक्षा में बालवीर आन्दोलन में ‘राष्ट्रपति पदक’ मिला। दसवीं में स्काउट-गाइड शिविर के लिए कनाडा-अमेरिका जैसे दस देशों की यात्राएँ कीं। लेखक बनने के इरादे से छठी कक्षा से ही लेखन की शुरुआत। 1975 में पत्नी आशा भांड के सहयोग से ‘धारा’ और बाद में ‘साकेत’ प्रकाशन का आरम्भ। अब तक सैकड़ों किताबों का प्रकाशन।

नौ उपन्यास, दो कहानी-संग्रह, चार यात्रा-वृत्तान्त, चार ललित-गद्य, चार आरोग्य और योग, पाँच अनुवाद, पच्चीस सम्पादन, पन्द्रह बाल-उपन्यास, पच्चीस बालकथा-संग्रह, तीन एकांकी और दर्जनों नवसाक्षरों के लिए किताबें प्रकाशित हैं। इनके अलावा महाराजा सयाजीराव गायकवाड पर उपन्यास, बालकथा, अनुसन्धात्मक पैंतीस किताबों का लेखन और सम्पादन।

साहित्य अकादेमी के ‘बाल साहित्य पुरस्कार’ सहित कई पुरस्कारों से सम्मानित। पाठ्यक्रम में आपकी कई पुस्तकें शामिल हैं। आप अब तक दुनिया के पचहत्तर से अधिक देशों की यात्राएँ कर चुके हैं।

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